मंगलवार, 16 अगस्त 2011

हम चोर और भ्रष्ट नेताओ पर नहीं थूकेंगे !

हम चोर और भ्रष्ट नेताओ पर नहीं थूकेंगे !

हम भ्रष्ट नेताओ के चेहरे पर नहीं थूकेंगे क्योंकि हमारा थूंक भी इनके कृतित्व से पवित्र है .

हम चोर नेताओ पर जूते नहीं फेकेंगे क्योंकि हमारे जूते की धुल भ्रष्ट कीचड़ की धुल नहीं है.

हम धूर्त नेताओ पर सड़े टमाटर नहीं मारेंगे क्योंकि सड़े टमाटर भी खेतों में खाद के काम आते हैं.

हम तानाशाह नेताओं को हिटलर नहीं कहेंगे क्योंकि हिटलर भी अपनी जन्मभूमि के लिए समर्पित था .

हम दगाबाज नेताओं को कुत्ता नहीं कहेंगे क्योंकि कुत्ता भी वफादारी में अव्वल रहता हे.

हम गंदे नेताओं को सूअर भी नहीं कहेंगे क्योकि सूअर की गंदगी इनसे बेहतर है.

हम लुटेरे नेताओ को डाकू नहीं कहेंगे क्योंकि ये डाकुओ के भी डाकू हैं.

हम दरिन्दे  नेताओं को जल्लाद नहीं कहेंगे क्योंकि जल्लाद तो पापियों का वध करता है

हम नकारा नेताओं को मुर्ख नहीं कहेंगे क्योंकि मुर्ख भी राष्ट्र प्रेमी होता है.

हम अंधे नेताओं को अंधा नहीं कहेंगे क्योकि अंधों में भी सूरदास बसते हैं.

हम जहरीले नेताओ को नागराज नहीं कहेंगे क्योंकि नाग बेमतलब नहीं फुंकारता है.

हम भ्रष्ट नेताओ को कांग्रेसी नहीं कहेंगे क्योंकि खुद महात्मा ने आजादी के बाद इसका विसर्जन किया था

हम जुल्मियो के सामने शस्त्र नहीं उठाएंगे क्योंकि हम मृतुन्जय - नीलकंठ के अंश हैं.

हम भ्रष्ट नेताओ की गंवार भाषा इस्तेमाल नहीं करेंगे क्योंकि हम सरकार नहीं सिविल हैं

हम आततायी नेताओ को आतंकवादी नहीं कहेंगे,क्योंकि वे तो हकीकत से नादान प्यादे हैं 

हम शांति के शस्त्र का इस्तेमाल करेंगे,क्योंकि पहली आजादी के इस शस्त्र की धार अभी भी तेज है

आगे बढिए , देश आपको पुकार रहा है .

धीरज  और हौसला रखिये जन लोकपाल करीब है

आपके कुछ दिन आपके बच्चो का स्वाभिमानी भविष्य है

अंहिंसा के अस्त्र का पुरजोर से इस्तेमाल कीजिये ताकि दुनिया इस अस्त्र का उपयोग करना सीखे 

आपकी आत्मा से पूछिये यदि आत्मा गवाह दे तो अनुशासित सिपाही बन जंग में शामिल हो जाइए 


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