रविवार, 18 जनवरी 2015

केजरी,न्युज सेकुलरी और देश

केजरी,न्युज सेकुलरी और देश
जीत तो जीत होती है
जीतना अहम होता है और उसके लिए केवल नैतिकता ही रास्ता नहीं बनती । जीत के लिये यह देखना जरुरी होता है कि हम हराना किसको चाहते हैं । लड़ने वाला असुर है तो जीतने के लिए छल का सहारा लेना पाप नहीं है । लड़ने वाला आतंकी है तो जीतने के लिए अनैतिक तरीका भी नैतिक माना जाता है । प्रतिस्पर्धी छल का उपयोग करता है तो उसको हराने के लिए झूठ का उपयोग भी नीति है ।
आज तक से ND(नकारा दर्शन) तक BJP को नैतिकता का पाठ सीखाने की मुहिम छेड़ रखी है,किसके हित के लिए??? खुद की गरज साधने के लिए आम आदमी को मोहरा बना रही है ।
ये पेड खबरी क्या यह भी नहीं जानते हैं कि आम आदमी को कोरी लफ्फाजी से गुमराह नहीं किया जा सकता है । आम आदमी को सौ झूठ बताने से भी वो अपने नजरीये से हर बात का उस पर क्या असर हो सकता है से तोलता है और निर्णय करता है ।
मोदी का विरोध इन चैनलों ने खूब किया,बेचारों का गला बैठ गया मगर जनता ने इन्हें नकार दिया । आज ये सेकुलर खबरी केजरी की पीठ पर थपकी दे रहे हैं मगर जनता इन सेकुलरों की TRP बिगाड़ने का संकल्प कर चूकी है ।

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